प्यारे दोस्तों !

यह ब्लॉग मेरे द्वारा रचित कविताओं का संग्रह है | आशा है आपको मेरी कलम से लिखी ये पंक्तियाँ पसंद आएँगी | आपके द्वारा किये गए कमेंट्स मेरे लिए विशेष होंगे |................धन्यवाद !

05 August 2011

नया रूप...

आ गएँ जाने हम 
किस परिवेश में 
तन वाही, मन वाही
लेकिन नए भेष में |

कोयल की चहक 
फूलों की महक 
अक्ष वाही, वृक्ष वाही 
लेकिन एक द्वेष में |

कागज़ और कलम 
पत्थर और राहें 
जल वाही, पल वाही 
लेकिन अन्त शेष में | 

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